जयपुर में आवासन मंडल का बड़ा एक्शन, 100 से अधिक अवैध निर्माण ध्वस्त, दिनभर गरजे बुलडोजल

Rajasthan Housing Board Action : जयपुर। राजस्थान आवासन मंडल ने शनिवार को बी-2 बाइपास चौराहा स्थित श्रीराम कॉलोनी पर कब्जा लेने की प्रक्रिया शुरू की। पहले दिन 100 से अधिक भूखंडों पर कार्रवाई हुई। सुबह 10:00 बजे से शाम छह बजे तक मंडल की टीम ने अवैध निर्माणों को ध्वस्त किया। 42 बीघा 10 बिस्वा जमीन का लम्बे समय से विवाद चला आ रहा था। कार्रवाई के दौरान एक तीन मंजिला निर्माण भी ध्वस्त किया गया। इसके अलावा भूखंडों की बाउंड्रीवाल से लेकर कोठरियों को मंडल की टीम ने तोड़ा।

मंडल अधिकारियों की मानें तो उक्त जमीन की कीमत 2200 करोड़ रुपए है। कार्रवाई को रोकने के लिए कुछ लोगों ने कोर्ट के आदेश भी दिखाए, लेकिन मंडल की टीम ने इनको नहीं माना।

करीब 37 साल पुरानी कानूनी लड़ाई जीतने और हाईकोर्ट की खंडपीठ से रोक हटने के बाद मंडल के बुलडोजर सुबह ही मौके पर पहुंच गए। अभियान के पहले दिन करीब 100 अवैध निर्माणों को ध्वस्त किया गया। मंडल रविवार को भी कार्रवाई करेगा। कब्जा लेने के बाद जमीन को सुरक्षित करने के लिए डेढ़ करोड़ रुपए की लागत से चारदीवारी बनाई जाएगी, जिसके लिए टेंडर जारी हो चुके हैं।

37 साल पुराना है मामला

आवासन मंडल ने 2 सितंबर 1989 को इस भूमि के अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू की थी और 1991 में कब्जा लिया था। मुआवजा राशि 1993 में कोर्ट में जमा करा दी गई थी, लेकिन खातेदारों ने इसे स्वीकार नहीं किया। इसी बीच गृह निर्माण सहकारी समिति ने श्री राम विहार बी योजना सृजित कर दी। कोर्ट में लंबी लड़ाई के बाद इसी वर्ष अप्रेल में एकल पीठ ने मंडल के पक्ष में फैसला दिया। तब करीब 15 बीघा का कब्जा लिया गया, लेकिन खंडपीठ के स्थगन आदेश से काम रुक गया था। अब रोक हटने के बाद मंडल ने यह निर्णायक कार्रवाई की है।

यहां हुई कार्रवाई

-सांगानेर की तरफ स्थित कॉलोनी के हिस्से में करीब 70 निर्माण ढहाए। यहां चारदीवारी, टीनशेड और मकान शामिल थे।
-व्यावसायिक गतिविधियों वाले दूसरे हिस्से में करीब 30 निर्माणों को ध्वस्त किया गया, जहां बार, हट रेस्टोरेंट और कैटरिंग गोदाम चल रहे थे। जिन मकानों में परिवार रह रहे थे, उन्हें फिलहाल कुछ समय की मोहलत दी गई है।

रविवार को भी होगी कार्रवाई

आवासन मंडल सचिव गोपाल सिंह ने बताया कि उच्च न्यायालय के आदेश पर कार्रवाई की गई है। जमीन पर कब्जा लेने के बाद मंडल इसकी बाउंड्रीवाल करवाएगा। इसके बाद नियमन की कार्रवाई और जमीन की प्लानिंग की जाएगी। रविवार को भी कार्रवाई होगी।