LPG Cylinder : सालाना आय 10 लाख से अधिक तो सब्सिडी नहीं, राजस्थान में 1.83 करोड़ एलपीजी उपभोक्ताओं में मची खलबली

LPG Cylinder : गैस कंपनियों के एक मैसेज ने सोमवार को राजस्थान में 1.83 करोड़ एलपीजी उपभोक्ताओं में खलबली मचा दी है। तीनों गैस कंपनियों की ओर से उपभोक्ताओं को भेजे गए मैसेज में कहा गया है कि टैक्स रेकार्ड के आधार पर उपभोक्ता या परिवार के सदस्यों की सकल वार्षिक आय 10 लाख से ज्यादा है तो वे निकट भविष्य में गैस सब्सिडी के पात्र नहीं होंगे। कंपनियों ने गैस उपभोक्ताओं को वार्षिक आय संबधी मैसेज पर आपत्ति दर्ज कराने के लिए सात दिन का समय भी दिया है। समय सीमा में अगर कोई आपत्ति नहीं आती है तो उपभोक्ता की सब्सिडी रोक दी जाएगी।

सूत्रों के अनुसार जयपुर शहर में ही 10 लाख से ज्यादा वार्षिक आय वाले 1 लाख से ज्यादा और कोटा में 40 हजार गैस उपभोक्ताओं के पास ये मैसेज पहुंचा है। अलग-अलग जिलों में इनकी संख्या अलग-अलग हो सकती है। प्रदेश में में 75 लाख उज्जवला कनेक्शनधारी उपभोक्ता हैं जिन्हें केन्द्र सरकार सब्सिडी दे रही है।

इस दायरे में उद्यमी, व्यवसायी के साथ सरकारी कर्मचारी और अधिकारी भी आएंगे। हालांकि पिछले कई साल से उज्ज्वला और बीपीएल कार्ड धारकों के अलावा एलपीजी की सब्सिड़ी नहीं आ रही है। सरकार के नियमानुसार, जिन उपभोक्ताओं की वार्षिक सकल कर योग्य आय 10 लाख रुपए से अधिक है, वे एचआइजी श्रेणी में आते हैं और सब्सिडी के पात्र नहीं होते।

मृत उपभोक्ताओं की पहचान शुरू

कंपनियां आधार के डेटाबेस से मृत उपभोक्ताओं के एलपीजी कनेक्शनों की पहचान कर रही हैं, ताकि रिकॉर्ड शुद्धता बनी रहे और दुरुपयोग रुके। ऐसे मामलों में भी एसएमएस भेजे गए हैं। यदि 30 दिनों के भीतर कनेक्शन परिवार के पात्र सदस्य के नाम स्थानांतरित नहीं होता है, तो कनेक्शन स्थायी रूप से समाप्त किया जा सकता है। अधिक जानकारी के लिए वितरक या कंपनी पोर्टल/एप पर संपर्क करने की सलाह दी गई है।

केन्द्र सरकार के स्तर पर ही होगी कार्रवाई

तीनों गैस कंपनियों के दिल्ली मुख्यालय से उपभोक्ताओं को 10 लाख वार्षिक आय व सब्सिडी रोकने का मैसेज भेजा गया है। इस संबध में जो भी कार्रवाई होनी है केन्द्र सरकार के स्तर पर ही होनी है।
मनोज गुप्ता, समन्वयक व कार्यकारी निदेशक, गैस कंपनियों,राजस्थान

अन्यथा बंद कर दिया जाएगा

कम्पनियों की ओर से लिंक भेजकर ही उपभोक्ताओं से ऑनलाइन ही यह मांग रहे हैं। मृतक कनेक्शन धारकों के परिजनों का ऑप्शन दिया है कि वह या तो कनेक्शन उनके परिजनों के नाम करवा लें, अन्यथा बंद कर दिया जाएगा।
अरविंद कुमार गुप्ता अध्यक्ष कोटा हाड़ाैती एलपीजी डिस्ट्रीब्यूर्स एसोसिएशन