पचपदरा रिफाइनरी कांड: आखिरकार HPCL ने तोड़ी चुप्पी, बताया क्यों और कैसे लगी थी भीषण आग? जानें ‘इनसाइड’ रिपोर्ट

राजस्थान के सपनों के प्रोजेक्ट ‘पचपदरा रिफाइनरी’ में 20 अप्रैल को हुई अग्नि दुर्घटना ने पूरे देश को चौंका दिया था। घटना के बाद से चले कयासों और जांच के दौर के बाद अब इस मेगा प्रोजेक्ट की कमान संभाल रही कंपनी हिन्दुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) ने सोशल मीडिया के जरिए अपना आधिकारिक पक्ष साझा किया है। एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड (HRRL) ने न केवल आग लगने की ‘इनसाइड स्टोरी’ बताई है, बल्कि उन आशंकाओं पर भी विराम लगा दिया है जिनमें प्रोजेक्ट के लंबे समय तक अटकने की बात कही जा रही थी।

आग की असली वजह: कहाँ हुई चूक?

Refinery Fire Rescue Operation

HPCL द्वारा जारी अपडेट के अनुसार, दुर्घटना की विस्तृत जांच की गई है। प्रारंभिक आकलन में जो बातें सामने आई थीं, अब उनकी पुष्टि हो गई है:

सीमित प्रभाव: आग मुख्य रूप से ‘हीट एक्सचेंजर स्टैक’ तक ही सीमित थी। इस दुर्घटना में 6 एक्सचेंजर और उनसे संबंधित सहायक उपकरणों को नुकसान पहुँचा है।

लीकेज का खुलासा: परिस्थितियों और साक्ष्यों के आधार पर कंपनी का मानना है कि वैक्यूम रेजिड्यू एक्सचेंजर की इनलेट लाइन पर लगे ‘प्रेशर गेज टैपिंग पॉइंट’ से रिसाव (Leakage) हुआ था, जो इस बड़ी आग का मुख्य कारण बना।

एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड पर अपडेट

हिन्दुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड की संयुक्त उद्यम कंपनी, एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड (एचआरआरएल) की क्रूड डिस्टिलेशन यूनिट (सीडीयू) में 20 अप्रैल, 2026 को हुई दुर्भाग्यपूर्ण अग्नि दुर्घटना के संदर्भ में।

घटना के पश्चात… pic.twitter.com/xEu13fKrY7

— Hindustan Petroleum Corporation Limited (@HPCL) April 25, 2026

रिस्टोरेशन वर्क: कब तक सामान्य होंगे हालात?

रिफाइनरी प्रशासन ने साफ किया है कि नुकसान का आकलन करने के बाद पुनर्स्थापन (Restoration) का काम युद्धस्तर पर शुरू कर दिया गया है।

डेडलाइन: अगले 3 से 4 सप्ताह में मरम्मत का काम पूरा होने की संभावना है।

सीडीयू (CDU) री-स्टार्ट: क्रूड डिस्टिलेशन यूनिट को मई 2026 के द्वितीय पखवाड़े (15 मई के बाद) में पुनः प्रारंभ करने का लक्ष्य रखा गया है।

सहायक इकाइयाँ: अन्य सहायक इकाइयाँ (Auxiliary Units) अपनी योजना के अनुसार कमीशनिंग के उन्नत चरण में हैं, यानी उन पर आग का कोई असर नहीं पड़ा है।

मई 2026: राजस्थान को मिलेगी पहली सौगात

AI PIC

अग्निकांड के बावजूद कंपनी ने उत्पादन की उम्मीदें बरकरार रखी हैं। HPCL के अनुसार:

टेस्ट प्रोडक्शन: मई 2026 में ही रिफाइनरी के मुख्य उत्पादों जैसे एलपीजी (LPG), एमएस (पेट्रोल), एचएसडी (डीजल) और नैफ्था का परीक्षणात्मक (Trial) उत्पादन शुरू हो जाएगा।

स्थिरीकरण: ट्रायल के बाद इकाइयों को स्थिर (Stabilize) और पूरी तरह कमीशन किया जाएगा।

सुरक्षा मानकों पर जोर

HPCL ने अपने बयान में परिचालन सुरक्षा (Operational Safety) और सुदृढ़ आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणालियों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। कंपनी का दावा है कि वे उद्योग के सर्वोच्च मानकों का पालन कर रहे हैं और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ‘प्रेशर गेज’ जैसे संवेदनशील पॉइंट्स की सुरक्षा और बढ़ा दी जाएगी।