बीकानेर. नगर निगम में एनपीएस के तहत नियुक्त हुए सैकड़ों सफाई कर्मचारी अपनी जीपीएफ कटौती की राशि का उपयोग नहीं कर पा रहे हैं। निगम प्रशासन पिछले 29 महीनों से सफाई कर्मचारियों के मासिक वेतन से हर माह जीपीएफ की कटौती कर रहा है, लेकिन कर्मचारियों का जीपीएफ खाता नहीं खुलने से कटौती की राशि न कर्मचारी के खाते में जमा हो रही है और न ही कर्मचारी जरूरत पड़ने पर इस राशि का उपयोग कर पा रहे हैं। नगर निगम इतने समय के बाद अब तक 1200 से अधिक सफाई कर्मचारियों का जीपीएफ एकाउंट भी नहीं खुलवा पाया है। इससे कर्मचारियों को कटौती राशि पर मिलने वाले ब्याज का भी नुकसान हो रहा है।
1274 सफाई कर्मचारी
निगम की स्थापना एच शाखा की जानकारी अनुसार, निगम में 1274 ऐसे सफाई कर्मचारी हैं, जो एनपीएस के तहत नियुक्त हुए हैं। इनका जीपीएफ एकाउंट खुलना है। बताया जा रहा है कि इनमें से 862 सफाई कर्मचारियों की एसएसओ आईडी भी बनी हुई है। शेष 424 सफाई कर्मचारियों की यह आईडी अब तक नहीं बन पाई है। बिना एसएसओ आईडी के इन कर्मचारियों का जीपीएफ एकाउंट भी नहीं खुल पाएगा। निगम अब 862 सफाई कर्मचारियों की सूची जीपीएफ भेजने की तैयारी कर रहा है।
29 महीने, हर माह 20 लाख से अधिक की कटौती
एनपीएस के तहत नियुक्त हुए सफाई कर्मचारियों की जीपीएफ कटौती जून 2022 से प्रारंभ हो गई। संबंधित शाखा की जानकारी अनुसार, हर माह 1274 सफाई कर्मचारियों के वेतन से 20 से 23 लाख रुपए की मासिक कटौती हो रही है। यह कटौती की गई राशि निगम के जीपीएफ फण्ड में ही जमा हो रही है। बताया जा रहा है कि करीब 6 करोड़ रुपए की जीपीएफ कटौती की राशि निगम फण्ड में ही पड़ी है।
खाते खुले, जमा हो राशि
ढाई साल बाद तक जीपीएफ के खाते नहीं खुलना गंभीर है। निगम प्रशासन इसे गंभीरता से ले और तुरंत खाते खुलवाने की प्रक्रिया अमल में लाई जाए। कर्मचारियों का पैसा उनके खाते में ही जमा होना चाहिए। डीएलबी और सरकार का ध्यान भी इस ओर आकृष्ट किया जाएगा, ताकि कर्मचारियों को किसी प्रकार का नुकसान न हो और देय समस्त लाभ कर्मचारियों को मिले।
शिवलाल तेजी, सफाई कर्मचारी नेता
ली जाएगी जानकारी
इस संबंध में संबंधित शाखा से कल ही जानकारी ली जाएगी। कटौती की राशि कर्मचारियों के खातों में जमा हो, इसके लिए नियमानुसार प्रक्रिया जल्द पूर्ण करवाई जाएगी।
धीरज जोशी, वित्तीय सलाहकार, नगर निगम, बीकानेर।