एक या दो माह में पूरा होगा स्टेशन का पुनर्विकास कार्य, अत्याधुनिक सुविधाओं से होगा लैस

शुभम कड़ेला/उदयपुर. जिले के मावली जंक्शन रेलवे स्टेशन पर लगभग 21 करोड़ की लागत से चल रहे पुनर्विकास कार्य अब अंतिम दौर में है। जिसके चलते अब जंक्शन मॉडल के अनुरूप आकार लेने लगा है। अमृत भारत स्टेशन योजना में चयनित होने के बाद यहां यात्रियों की सुविधाओं के लिए कई कार्य किए जा रहे हैं। यह कार्य अगस्त 2023 से चल रहा है और अब यह कार्य जल्द ही पूरा होने में है। रेलवे के अनुसार दिसम्बर 2024 या जनवरी 2025 में यह कार्य पूरा हो जाएगा। ऐसे में अब जल्द स्टेशन पर यात्री सुविधाओं में विस्तार के साथ बदली हुई तस्वीर दिखाई देगी और स्टेशन आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार वर्तमान में स्टेशन की बिल्डिंग का काम लगभग 70 प्रतिशत पूरा हो चुका है। स्टेशन की प्रथम व द्वितीय दोनों तीन मंजिला बिल्डिंग पर अंतिम दौर का कार्य चल रहा है। अभी सर्कुलेटिंग का काम बाकी चल रहा है। जो भी जल्द पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है। वहीं, फुट ओवर ब्रिज जो स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 1 से 6 को जोड़ेगा। ऐसे में यात्रियों को अब रेल पटरियों को पार कर हादसे का शिकार नहीं होना पड़ेगा।

स्टेशन की बिल्डिंग प्रथम व द्वितीय को जोड़ते हुए पुल का निर्माण किया रहा है। फिलहाल इसका कार्य महज 20 प्रतिशत हुआ है। यह कार्य लगभग मार्च 2025 तक पूरा होगा। इधर, बिल्डिंग का पूरा स्ट्रक्चर कार्य पूरा हो चुका है। जहां पुट्टी के बाद दरवाजे तक लग चुके है। अब अंतिम दौर में फिनिशिंग का काम चल रहा है। टाइल्स तक लग चुकी है। सेकंड फ्लोर पर कैफे एरिया का प्रावधान है।

यात्रियों ने बताया कि वर्तमान में स्टेशन के पुराने मुख्य भवन को तोड़कर नया भवन खड़ा कर दिया है। यात्रियों को अस्थायी प्रवेश द्वार से होकर कस्बे में जाना पड़ रहा है। गारियावास से आने वाले यात्रियों को प्लेटफॉर्म नंबर 6 से 1 पर जाकर अस्थायी गेट से होकर टिकट लेना पड़ रहा है। कई जगह निर्माण कार्य के चलते तोड़-फोड़ होने से रात्रि में यात्री स्टेशन से बाहर निकलने के लिए भटकते हैं। प्लेटफार्म नंबर 1 पर टीनशेड को तोड़कर उसमें सुधार का कार्य किया जा रहा है। पूर्व में सभी प्लेटफार्म पर टीनशेड में लीकेज से पानी का रिसाव होता था। जिससे यात्री बारिश में भीगते थे। अब सभी प्लेटफार्म पर यह कार्य हो चुका है।

आकार लेने लगा नया स्टेशन

निर्माण कार्य रेलवे के प्रस्तावित मॉडल के अनुरूप अब धीरे-धीरे रूप लेने लगा है। प्रतिदिन लगभग 50 से 60 मजदूर इस कार्य को तेजी से पूरा करने में लगे हुए हैं। वहीं, पूर्व में ही सभी 6 प्लेटफार्म को ऊंचा कर विस्तारीकरण किया जा चुका है। प्लेटफार्म नंबर एक एवं दो पर नए फुट ओवरब्रिज बनाए गए हैं। सभी प्लेटफार्म सहित परिसर में एलइडी फिटिंग के साथ वॉटर वेंडिंग मशीन, आरओ, ऑटोमेटिक टिकट वेंडिंग मशीन, जीपीएस घड़ियां लग चुकी है।

Leave a Comment