Build with AI: जयपुर. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और डिजिटल इनोवेशन के क्षेत्र में अग्रणी बनाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है। इसी क्रम में गुरुवार को Rajasthan Centre of Advanced Technology (R-CAT), जयपुर में Google India के सहयोग से ‘बिल्ड विद एआई’ वर्कशॉप का भव्य आयोजन किया गया। इस पहल का उद्देश्य युवाओं, स्टार्टअप्स और डेवलपर्स को आधुनिक एआई तकनीकों से जोड़कर उन्हें वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाना है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार विभाग के शासन सचिव डॉ. रवि कुमार सुरपुर ने कहा कि राजस्थान सरकार एक मजबूत एआई इकोसिस्टम विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि राज्य का लक्ष्य केवल नई तकनीकें विकसित करना ही नहीं, बल्कि मौजूदा नागरिक सेवाओं को एआई के माध्यम से अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाना भी है।
उन्होंने यह भी कहा कि एआई तकनीक का उपयोग जनकल्याणकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन में किया जा सकता है, जिससे आम नागरिकों को तेज और बेहतर सेवाएं मिल सकें। सरकार का फोकस डेवलपर इकोसिस्टम को मजबूत बनाकर राजस्थान को अगली पीढ़ी की तकनीकों का निर्माता राज्य बनाना है।
इस वर्कशॉप में 100 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिनमें स्टार्टअप संस्थापक, डेवलपर्स, छात्र, कॉर्पोरेट प्रतिनिधि और सरकारी अधिकारी शामिल थे। प्रतिभागियों को गूगल के अत्याधुनिक एआई टूल्स, क्लाउड टेक्नोलॉजी, एपीआई और जेमिनाई एआई क्षमताओं पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया।
वर्कशॉप के दौरान प्रतिभागियों को एआई आधारित एप्लीकेशन विकसित करने, डिजिटल उत्पादों में एआई एकीकरण, वर्कफ्लो ऑटोमेशन और स्केलेबल टेक सॉल्यूशंस तैयार करने का व्यावहारिक अनुभव भी प्रदान किया गया। इससे युवाओं को न केवल सीखने का अवसर मिला बल्कि नवाचार के नए रास्ते भी खुले।
Google India के प्रतिनिधियों ने राजस्थान के युवा डेवलपर्स की तकनीकी क्षमता और नवाचार के प्रति उत्साह की सराहना की। उन्होंने कहा कि राज्य में एआई क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं और सही मार्गदर्शन से यह एक बड़ा टेक हब बन सकता है।
कार्यक्रम के माध्यम से स्टार्टअप्स, शिक्षा जगत, एमएसएमई और सरकारी संस्थानों के बीच सहयोग बढ़ाने का मंच भी तैयार किया गया, जिससे भविष्य में तकनीक आधारित साझेदारियों को बढ़ावा मिलेगा। यह पहल राजस्थान एआई/एमएल नीति 2026 के तहत राज्य को डिजिटल और एआई नवाचार का अग्रणी केंद्र बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।