Ravi Kumar death Case: अजमेर की पुष्कर घाटी में तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर की टक्कर से जान गंवाने वाले कुमार की सांसों के साथ उसके परिवार की उम्मीदें भी टूट गईं। रवि चार बहनों का इकलौता भाई था और बूढ़े माता-पिता का सहारा भी। सोमवार रात हादसे के बाद परिजनों ने किसी तरह रात काटी, लेकिन मंगलवार सुबह जैसे ही घरवालों को रवि की मौत की सूचना मिली, पूरे घर पर दु:खों का पहाड़ टूट पड़ा।
धोलाभाटा, आनन्दपुरी चक्की वाली गली में रहने वाला रवि कुमार(35) पुत्र किशोर कुमार अपने बहनोई जितेंद्र कुमार जिरोतिया उर्फ सोनू के साथ रंग-रोगन और पेंट का काम करता था। बूढ़े पिता के सेवानिवृत्त होने के बाद परिवार की आर्थिक जिम्मेदारियों का हिस्सा उसी के कंधों पर था।
रवि अपने बहनोई के साथ सोमवार रात कामकाज के सिलसिले में बाइक से पुष्कर की ओर जा रहे थे। हादसे में रवि की दर्दनाक मौत हो गई जबकि बहनोई जितेन्द्र उर्फ सोनू के दोनों पैर बुरी तरह जख्मी हो गए। वह जेएलएन अस्पताल में भर्ती है।
रातभर छुपाई मौत की खबर
रवि के चचेरे भाई विनीत ने बताया कि हादसे के बाद माता-पिता को पूरी जानकारी नहीं दी। परिजन उम्मीद लगाए बैठे थे कि रवि बच जाएगा, लेकिन उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। सुबह जब बूढ़े माता-पिता और बहनों को रवि की मौत की खबर दी तो घर में चीख-पुकार मच गई। मां सुशीलादेवी बेसुध हो गईं, पिता किशोर कुमार बार-बार बेटे का नाम लेकर रोते रहे।
गहरे सदमे में पूरा परिवार
रवि चार बहनों के बीच इकलौता भाई था। परिवार में सबसे बड़ी बहन भानू और दूसरी चंचल की शादी हो चुकी है। रवि के बाद दो छोटी बहनें ज्योति और पारो हैं, जिनकी अभी शादी नहीं हुई है। परिवार के लोगों का कहना है कि रवि ही घर की जिम्मेदारियां संभाल रहा था। उसकी अचानक मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।
रवि की आंखें देखेंगी दुनिया
पुष्कर थाना पुलिस ने रवि के शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों के सुपूर्द कर दिया। इधर, परिजन ने राजस्थान आई बैंक सोसायटी अजमेर चेप्टर को रवि की आंखों के दो जोड़ी कॉर्निया का दान किया। जिसे रवि की आंखें विदा होने के बाद भी दुनिया देखेंगी।
यह है पूरा घटनाक्रम
पुष्कर घाटी में सोमवार देर रात तेज रफ्तार कार की टक्कर से एक युवक की मौत और 3 लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे। दुर्घटनाकारित करने वाली फॉर्च्यूनर कार सीकर जिले की खाटू श्याम मंदिर सेवा समिति के नाम पर पंजीकृत है। वहीं दुर्घटना के समय कार में ना केवल शराब की बोतलें मिली बल्कि समिति से जुड़े पदाधिकारी घायलावस्था में घटनास्थल पर नजर आए। जिला पुलिस के अधिकारी की कार में कथित मौजूदगी ने भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं।