पोकरण : यात्रा करने जाओ तो पानी घर से ही लेकर जाना होगा…

परमाणु नगरी पोकरण में स्थित केन्द्रीय बस स्टैंड में ठंडे पानी की सुविधा नहीं होने के कारण यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हालात यह है कि भीषण गर्मी के मौसम में यात्रियों को घर से बोतलों में पानी लेकर आना पड़ रहा है, जो बस के इंतजार में ही खत्म हो जाता है।

यात्रा के दौरान तो महंगे दामों में बोतलें खरीदना मजबूरी हो गया है। गौरतलब है कि कस्बे में जोधपुर रोड पर नगरपालिका का केन्द्रीय बस स्टैंड स्थित है। कस्बे से निकलने वाली सभी रोडवेज बसों के साथ फलसूंड, बाड़मेर, राजमथाई, भणियाणा, रातडिय़ा, झाबरा, सोमेसर, कलाऊ की निजी बसों का यहीं से संचालन होता है। ऐसे में प्रतिदिन सैकड़ों यात्री यहां पहुंचते है। जिनके लिए पेयजल के पुख्ता प्रबंध नहीं है। ऐसे में यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

प्याऊ तो है, पर शीतल पानी नहीं

बस स्टैंड परिसर में कहने को तो वर्षों पुरानी एक प्याऊ बनी हुई है, लेकिन वह भी यात्रियों की प्यास बुझाने में नाकाम साबित हो रही है। प्याऊ में ठंडे पानी की मशीन नहीं होने के कारण चिलचिलाती धूप में यात्रियों को गर्म पानी से ही संतोष करना पड़ रहा है। तपते रेगिस्तानी इलाके में भीषण लू के बीच गर्म पानी पीना किसी चुनौती से कम नहीं है।

जेब ढीली करना मजबूरी, जिम्मेदार मौन

पेयजल सुविधा के अभाव में यहां आने वाले यात्रियों को परेशानी हो रही है। मजबूरी में यात्रियों और स्थानीय लोगों को बाजार से ठंडी बोतलों का पानी खरीदकर अपनी प्यास बुझानी पड़ रही है। मध्यमवर्गीय और गरीब तबके के यात्रियों के लिए 20 रुपए की बोतल खरीदना भारी पड़ रहा है। दूसरी तरफ समस्या के समाधान के लिए कोई कवायद नहीं की जा रही है।

आसमान से बरस रहे अंगारे

पोकरण क्षेत्र में गुरुवार को भीषण गर्मी व लू के थपेड़ों ने आमजन को झकझोर कर रख दिया। दोपहर में हालात ऐसे हो गए कि मानो आसमान से अंगारे बरस रहे हो। तापमान 43 से 44 डिग्री तक पहुंच गया। गुरुवार को सुबह से ही आसमान साफ होने के कारण सूर्य की तेज किरणें निकली। सुबह 9 बजे बाद लू के थपेड़े चलने लगे। दोपहर में भीषण गर्मी और आग उगलती सूर्य की किरणों के कारण लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो गया। देर शाम तक भी भीषण गर्मी का दौर जारी रहा। जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ।