Rajasthan Accident: ‘काश हेलमेट लगा होता…’, मामा-बुआ के बेटों की एक ही दिन उठी अर्थी, परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल

Rajasthan Road Accident: बारां जिले के किशनगंज कस्बे में सोमवार देर रात हुए दर्दनाक सड़क हादसे ने दो परिवारों की खुशियां छीन लीं। मिसाई रोड स्थित कछोटिया पुलिया पर दो बाइकों की आमने-सामने भिड़ंत में रिश्ते में भाई लगने वाले दो युवकों की मौत हो गई। हादसे के बाद दोनों की एक ही दिन अर्थी उठी। गांव में मातम पसर गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। किशनगंज थाना अधिकारी रमेशचंद मेरोठा ने बताया कि करवरीकलां निवासी 19 वर्षीय किशन गुर्जर एक शादी समारोह से बाइक पर घर लौट रहा था।

इसी दौरान रात करीब साढ़े 11 बजे कछोटिया पुलिया के पास सामने से तेज रफ्तार में आ रही दूसरी बाइक से उसकी भिड़ंत हो गई। दूसरी बाइक बिलासगढ़ निवासी 21 वर्षीय पवन गुर्जर चला रहा था, जो किसी समारोह में शामिल होने जा रहा था। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दोनों युवक सड़क पर गिर पड़े और गंभीर रूप से घायल हो गए।

सिर में गंभीर चोट लगने से गई जान

हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों घायलों को किशनगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। वहां इलाज के दौरान पवन गुर्जर ने दम तोड़ दिया। वहीं गंभीर घायल किशन गुर्जर को प्राथमिक उपचार के बाद बारां जिला अस्पताल से कोटा रेफर किया गया, लेकिन रास्ते में उसकी भी मौत हो गई। पुलिस के अनुसार दोनों युवकों के सिर में गंभीर चोटें आई थीं।

रिश्ते में भाई थे दोनों युवक

पुलिस ने बताया कि दोनों युवक मामा-बुआ के बेटे थे और रिश्ते में भाई लगते थे। एक ही परिवार से जुड़े दोनों युवकों की मौत की खबर से गांव और रिश्तेदारों में शोक की लहर फैल गई। हादसे के बाद दोनों पक्षों ने कोई मामला दर्ज नहीं कराया और लिखित में पुलिस कार्रवाई से इंकार कर दिया। इसके बाद पुलिस ने पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी कर शव परिजनों को सौंप दिए।

‘अगर हेलमेट पहना होता तो शायद जान बच जाती’

हादसे के बाद परिजन बार-बार यही कहते नजर आए कि काश दोनों युवकों ने हेलमेट पहना होता। पुलिस के अनुसार दोनों युवक बाइक पर अकेले थे और किसी ने भी हेलमेट नहीं लगाया था। मिसाई रोड चौड़ी सड़क है और हादसे के समय यातायात भी ज्यादा नहीं था। शुरुआती जांच में तेज रफ्तार को हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है। परिजनों का कहना था कि यदि दोनों हेलमेट लगाए होते तो शायद यह हादसा इतनी बड़ी त्रासदी में नहीं बदलता।