School Timing Rajasthan: जयपुर. प्रदेश में लगातार बढ़ रही भीषण गर्मी और हीटवेव (लू) के प्रभाव को देखते हुए जिला प्रशासन ने स्कूली बच्चों के हित में बड़ा निर्णय लिया है। जयपुर, कोटा और चित्तौड़गढ़ के बाद अब अलवर में भी स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है।
जिला कलेक्टर एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की अध्यक्ष डॉ. आर्तिका शुक्ला द्वारा जारी आदेश के अनुसार, आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 के तहत प्राप्त शक्तियों का उपयोग करते हुए यह निर्णय लिया गया है। मौसम विभाग द्वारा आगामी दिनों में तापमान में और अधिक वृद्धि तथा हीटवेव की संभावना जताई गई है, जिसके मद्देनज़र यह कदम उठाया गया है।
आदेश के अनुसार, जिले में संचालित सभी सरकारी एवं गैर-सरकारी विद्यालयों में प्री-प्राइमरी से कक्षा 8 तक के विद्यार्थियों के लिए 27 अप्रेल 2026 से ग्रीष्मावकाश तक स्कूल का समय प्रातः 7:30 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक रहेगा। इस बदलाव का मुख्य उद्देश्य छोटे बच्चों को तेज धूप और लू के प्रकोप से बचाना है।
वहीं कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों और समस्त स्कूल स्टाफ के लिए विद्यालय का समय पूर्ववत ही लागू रहेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आदेशों की अवहेलना करने वाले सरकारी एवं निजी विद्यालयों के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जिला कलक्टर की ओर से जारी आदेश
गौरतलब है कि प्रदेश में इन दिनों तापमान लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के पार बना हुआ है, जिससे जनजीवन प्रभावित हो रहा है। ऐसे में प्रशासन द्वारा लिया गया यह निर्णय बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
राजस्थान में भीषण गर्मी के बाद बदलेगा मौसम, 27-28 अप्रैल को राहत के संकेत
जयपुर। राजस्थान में भीषण गर्मी और हीटवेव का असर लगातार जारी है, जिससे जनजीवन प्रभावित हो रहा है। बीते 24 घंटों में प्रदेश का मौसम अधिकांशतः शुष्क रहा और कई जिलों में लू के थपेड़े महसूस किए गए। श्रीगंगानगर में अधिकतम तापमान 44.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि पिलानी, चित्तौड़गढ़, फलोदी और बीकानेर सहित कई इलाकों में तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों को परेशान किया।
मौसम विभाग के अनुसार आगामी 2 से 3 दिनों तक पश्चिमी और उत्तर-पश्चिमी राजस्थान में हीटवेव का असर बना रह सकता है। इस दौरान तापमान में 1 से 2 डिग्री तक और बढ़ोतरी होने की संभावना है। खासतौर पर बीकानेर और जोधपुर संभाग में पारा 44 से 45 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच सकता है।
हालांकि, राहत की खबर यह है कि 27-28 अप्रैल के दौरान एक पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। इस दौरान कुछ जिलों में आंधी, तेज हवाओं और हल्की बारिश की संभावना जताई गई है, जिससे तापमान में गिरावट आ सकती है।
मौसम विशेषज्ञों ने लोगों को दोपहर के समय बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और सतर्क रहने की सलाह दी है।