दर्शन को उमड़ा आस्था का सैलाब, जयकारों से गूंजी रुणीचाा नगरी

कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की द्वितीया को गांव में आस्था का ऐसा सैलाब उमड़ा कि मुख्य मंदिर के बाहर देर शाम तक एक किमी लंबी कतारों में बाबा रामदेव के हजारों श्रद्धालु समाधि दर्शन को लेकर खड़े रहे। पूरी रुणीचा नगरी बाबा रामदेव के जयकारों से रविवार को गूंजायमान रही। इसी तरह मंदिर के बाहर श्रद्धालुओं के सैलाब को व्यवस्थित कतारों से समाधि दर्शन करने के लिए समाधि परिसर में भेजने के लिए प्रशासन को दिन भर मशक्कत करनी पड़ी। वीआइपी और वीवीआइपी लोग सीधे समाधि दर्शन के लिए वीआइपी रोड पर पुलिस थाने के बाहर खड़े हुए नजर आए। इसी तरह रविवार को बाबा रामदेव समाधि स्थल के पट अल सुबह 3 बजे खोले गए। मंदिर के बाहर मंदिर रोड पर हजारों की संख्या में श्रद्धालु लंबी कतार में खड़े रहे। अलसुबह बाबा रामदेव की समाधि पर पंचामृत से अभिषेक किया गया। इसके बाद मंगला आरती की गई। समाधि स्थल के द्वार खुलते ही बाबा रामदेव के जयकारों से समाधि परिसर व आसपास का क्षेत्र गूंज उठा। सुबह 8 बजे भोग आरती के साथ समाधि पर स्वर्ण मुकुट चढ़ाया गया। रविवार को दिनभर श्रद्धालुओं की भीड़ जारी रही और लंबी कतार लगने से श्रद्धालुओं को दर्शनों के लिए तीन से पांच घंटे का इंतजार करना पड़ा। श्रद्धालुओं ने समाधि के दर्शन कर प्रसाद चढ़ाया और अमन, चैन व खुशहाली के लिए प्रार्थना की।

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने लिया जायजा

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पोकरण प्रवीण सैन ने रविवार सुबह रामदेवरा पहुंचकर यात्रियों के लिए की गई व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने मंदिर रोड, वीआइपी रोड, मेला चौक, समाधि परिसर के भीतर यात्रियों के लिए की गई दर्शन व्यवस्था को लेकर जायजा लिया। उन्होंने अधीनस्थ अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि रविवार को बाबा की बीज के चलते श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बावजूद अतिरिक्त जाब्ते के साथ सभी व्यवस्थाओं को सुचारू रखने में कोई कसर नहीं रखी गई है। श्रद्धालुओं ने कतारों में व्यवस्थित खड़े रह कर शांतिपूर्वक समाधि दर्शन किए।

Leave a Comment