प्रदेश के 12 हजार से अधिक व्याख्याताओं व पुस्तकालयाध्यक्षों को 12 को मिलेगी नई पोस्टिंग

माध्यमिक शिक्षा विभाग ने हाल ही पदोन्नत हुए प्रदेश के 12 हजार से अधिक व्याख्याताओं, शारीरिक शिक्षकों और पुस्तकालयाध्यक्षों के पदस्थापन की उलटी गिनती शुरू कर दी है। शिक्षा निदेशक सीताराम जाट ने मंगलवार को इन चयनित कार्मिकों की ऑनलाइन काउंसलिंग और पदस्थापन का विस्तृत कार्यक्रम जारी कर दिया है। इस पूरी प्रक्रिया को जल्द पूरा किया जाएगा। शाला दर्पण पोस्टिंग मैनेजमेंट सिस्टम के माध्यम से होने वाली इस ऑनलाइन काउंसलिंग के बाद 12 मई को अंतिम पदस्थापन आदेश जारी कर दिए जाएंगे। इस प्रक्रिया में विभिन्न चयन वर्षों के करीब 11,776 प्राध्यापक, 105 विशेष शिक्षा प्राध्यापक, और पुस्तकालयाध्यक्ष सहित अन्य कार्मिक शामिल हैं।

ऑनलाइन काउंसलिंग का तय कार्यक्रम

विभाग की ओर से जारी टाइमलाइन के अनुसार बुधवार को काउंसलिंग के लिए अभ्यर्थियों की अस्थायी वरीयता सूची का विभागीय वेबसाइट पर प्रकाशन किया जाएगा। 1 मई रात 12 बजे तक प्रकाशित अस्थायी वरीयता सूची पर आपत्तियां दर्ज कराने और विशेष वर्ग के अभ्यर्थियों की ओर से अपना प्रपत्र-1 तय ई-मेल पर भेजने की अंतिम तिथि। 4 मई को प्राप्त आपत्तियों का निस्तारण कर अंतिम वरीयता सूची और स्कूलों में रिक्त पदों का प्रकाशन किया जाएगा। 6 से 8 मई तक अभ्यर्थी अपनी वरीयता के अनुसार शाला दर्पण पोर्टल पर स्कूलों का चयन कर सकेंगे और अपना विकल्प 8 मई रात 12 बजे तक लॉक कर सकेंगे। 11 मई को एनआईसी और शाला दर्पण की ओर से अभ्यर्थियों के विकल्पों के आधार पर रिजल्ट या रिपोर्ट तैयार की जाएगी। 12 मई को तैयार रिपोर्ट के आधार पर शिक्षा विभाग की ओर से अंतिम पदस्थापन आदेश जारी कर दिए जाएंगे।

विशेष वर्गों को मिलेगी स्कूलों के चयन में प्राथमिकता

विभाग ने स्पष्ट किया है कि काउंसलिंग में कुछ विशेष श्रेणी के अभ्यर्थियों को पदस्थापन में प्राथमिकता दी जाएगी। ताकि उन्हें सहूलियत मिल सके। इसके लिए उन्हें 1 मई तक प्रपत्र-1 मय आवश्यक दस्तावेजों के ई-मेल करना होगा। प्राथमिकता वाले वर्गों में 40 प्रतिशत या अधिक दिव्यांग अभ्यर्थी। विधवा एवं तलाकशुदा महिलाएं। असाध्य रोग जैसे कैंसर, गुर्दा प्रत्यारोपण, हार्ट बाय-पास सर्जरी, और ब्रेन ट्यूमर से पीड़ित अभ्यर्थी। स्व-घोषणा पत्र के आधार पर एकल महिला अभ्यर्थी। भूतपूर्व सैनिक अभ्यर्थी।

सामान्य अभ्यर्थियों को नहीं भेजना है प्रपत्र

निदेशालय ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अन्य महिला अभ्यर्थी और अन्य शेष सामान्य अभ्यर्थी वर्ग को यह प्रपत्र-1 भरकर ई-मेल नहीं करना है। यदि कोई विशेष श्रेणी का अभ्यर्थी 1 मई तक तय ई-मेल पर अपने दस्तावेज नहीं भेजता है, तो उसे विशेष वर्ग का लाभ नहीं दिया जाएगा। इसके अलावा जो चयनित कार्मिक पहले से ही समान विषय में व्याख्याता के पद पर कार्यरत हैं, उन्हें इस काउंसलिंग में भाग लेने की आवश्यकता नहीं होगी।