कुचामनसिटी (नागौर)। राजस्थान का नाम राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन करने वाली खो-खो खिलाड़ी निर्मला भाटी खेल के मैदान में तो विजयी रहीं, लेकिन सरकारी नौकरी की दौड़ में पिछड़ गईं। अंतरराष्ट्रीय मैच में देश के लिए स्वर्ण पदक जीतने के बावजूद उन्हें राजस्थान सरकार की आउट ऑफ टर्न पॉलिसी के तहत सरकारी नौकरी नहीं मिल पाई।
पहले वह बी ग्रेड के लिए योग्य थीं, वर्ष 2025 में अंतरराष्ट्रीय मैच में गोल्ड जीतने के बाद ए ग्रेड की नौकरी के लिए योग्य हो गईं, लेकिन उन्हें किसी भी स्तर की नौकरी नहीं मिली। राज्य सरकार ने हाल ही में चार अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को पुलिस उप अधीक्षक (डीएसपी) (ए-ग्रेड) पद पर नियुक्ति देने के आदेश जारी किए हैं।
इन खिलाड़ियों में क्रिकेटर रवि विश्नोई, निशानेबाज मानिनी कौशिक, घुड़सवार दिव्यकृति सिंह और कबड्डी खिलाड़ी सचिन शामिल हैं। इनको अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतरीन प्रदर्शन के लिए आउट ऑफ टर्न पॉलिसी के तहत यह नियुक्ति दी गई है, लेकिन प्रदेश की एकमात्र अंतरराष्ट्रीय खो-खो गोल्ड मेडलिस्ट निर्मला भाटी का नाम सूची में नहीं है।
तीन बार नौकरी से चूकी
निर्मला ने वर्ष 2023 और 2024 में एशियन चैम्पियनशिप में भाग लिया था। इसके बाद उन्होंने बी ग्रेड नौकरी के लिए आवेदन किया, लेकिन चयन सूची में उनका नाम नहीं आया। जनवरी माह में आयोजित वर्ल्ड कप 2025 में वर्ल्ड चैम्पियनशिप में भाग लेकर टीम को गोल्ड मेडल दिलवाया। ए-ग्रेड की नौकरी के लिए फरवरी 2025 में आवेदन किया, लेकिन चयन सूची में उसका नाम नहीं था।
पीएम, सीएम ने दी थी बधाई
कुचामन के ग्राम परेवड़ी निवासी निर्मला भाटी ने वर्ष 2023 और 2024 में अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भाग लिया। वर्ष 2025 में खो-खो वर्ल्ड कप में उन्होंने भारतीय टीम के लिए वजीर की भूमिका निभाते हुए शानदार प्रदर्शन किया और भारत को विश्व कप जिताने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। इस जीत पर पीएम व सीएम ने टीम को बधाई भी दी थी।
जल्द जारी होगी अगली सूची
पात्र आवेदकों के आवेदनों की जांच-पड़ताल करके ही सूची जारी की है। किसी भी खिलाड़ी के साथ भेदभाव नहीं किया जाएगा। जल्द ही अगली सूची जारी की जाएगी, शेष आवेदनों की समीक्षा कर रहे हैं।
नीरज कुमार पवन, अध्यक्ष, राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद, राजस्थान