Fake Currency: राजस्थान की राजसमंद पुलिस ने जाली मुद्रा के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। केलवा थाना पुलिस ने जैतपुरा गांव के एक मकान में चल रहे जाली नोट छापने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए दो युवकों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी घर के भीतर ही प्रिंटर और हाईटेक उपकरणों की मदद से ‘नकली सरकार’ चला रहे थे।
थानाधिकारी सुबोध जांगिड़ ने बताया कि जिला पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में अपराधियों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी दौरान पुलिस को सटीक मुखबिर से सूचना मिली कि जैतपुरा गांव के एक बंद मकान में संदिग्ध गतिविधियां चल रही हैं और वहां नकली नोट छापे जा रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने जाल बिछाया और मकान पर अचानक दबिश दी।
80 हजार से अधिक के नकली नोट बरामद
पुलिस ने मौके से नारायण लाल गुर्जर (33) और कमलेश गुर्जर (23) को गिरफ्तार किया है। तलाशी के दौरान पुलिस के भी होश उड़ गए। आरोपियों के पास से 500 के 15 नोट, 200 के 362 नोट और 50 के 4 नोट मिले। बरामद किए गए इन नकली नोटों की कुल कीमत 80,100 रुपए आंकी गई है। चौंकाने वाली बात यह है कि सभी नोटों पर एक ही सीरियल नंबर अंकित था।
छापने का सामान और उपकरण जब्त
मकान के अंदर से पुलिस ने नोट छापने में इस्तेमाल होने वाला कलर प्रिंटर, स्याही के कंटेनर, विशेष प्रकार की पेपर शीट, कटर और अन्य तकनीकी उपकरण बरामद किए हैं।
बड़ी साजिश का अंदेशा
पुलिस अब यह जांच कर रही है कि इन आरोपियों ने अब तक बाजार में कितने नकली नोट खपा दिए हैं और इस गिरोह के तार किन अन्य शहरों या राज्यों से जुड़े हैं।