Balotra crime: बालोतरा जिले के कल्याणपुर थाना क्षेत्र के रनियादेशीपुरा गांव में दिनदहाड़े घर में घुसकर फायरिंग, हमला और युवती के अपहरण के प्रयास के सनसनीखेज मामले का बालोतरा पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने मामले में प्रयुक्त एसयूवी वाहन बरामद करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि मुख्य साजिशकर्ता सहित अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। गिरफ्तार आरोपियों में चेलाराम उर्फ सिकीया सहित तीन अन्य बापर्दा मुलजिम शामिल हैं।
पुलिस अधीक्षक रमेश ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरफूल सिंह तथा वृताधिकारी पचपदरा विकास कुमार के सुपरविजन में कल्याणपुर थानाधिकारी भंवर सिंह के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने तकनीकी विश्लेषण और परम्परागत पुलिसिंग के जरिए आरोपियों तक पहुंच बनाई।
दिनदहाड़े घर में घुसे थे नकाबपोश
प्रकरण के अनुसार रनियादेशीपुरा निवासी नारायणराम ने 3 अप्रैल को रिपोर्ट दर्ज करवाई कि 1 अप्रैल की शाम उसके घर के बाहर दो काले रंग की बिना नंबर की एसयूवी आकर रुकी। इनमें सवार 10-12 नकाबपोश बदमाश पिस्टल से फायर करते हुए और लाठियां लेकर घर में घुस आए। आरोपियों ने उसकी पुत्री का अपहरण करने का प्रयास किया, लेकिन घर पर अधिक लोग मौजूद होने के कारण वे मौके से फरार हो गए।
घटना के बाद पुलिस ने विधि विज्ञान इकाई और एमओबी टीम की मौजूदगी में घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण करके मौके से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। जांच में सामने आया कि सात नकाबपोश आरोपी हथियारों से लैस होकर दोनों एसयूवी से उतरे और योजनाबद्ध तरीके से वारदात को अंजाम देने पहुंचे थे।
जबरन विवाह की नीयत से रची साजिश
अनुसंधान में सामने आया कि मामले का मुख्य षड्यंत्रकारी दिनेश पटेल है, जो घटना से पहले युवती को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया था। युवती की गुमशुदगी थाना कल्याणपुर में दर्ज होने के बाद पुलिस ने उसे दस्तयाब किया।
पूछताछ में युवती ने अपने माता-पिता के साथ रहने की इच्छा जताई, जिसके बाद उसे परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस के अनुसार, इससे आहत होकर दिनेश पटेल ने युवती को जबरन विवाह के लिए विवश करने की नीयत से अपहरण की साजिश रची। इसके लिए उसने सेना से भगोड़े नरपत सिंह से संपर्क कर मोटी रकम का लालच दिया।
नरपत सिंह ने अपनी गैंग के सदस्यों को रुपए का प्रलोभन देकर वारदात में शामिल किया। योजना के तहत गैंग सदस्य वीरेन्द्र सिंह ने जोधपुर से एक एसयूवी किराए पर ली, जबकि दूसरी एसयूवी सुरेन्द्र सिंह सोढ़ा की थी।
पहचान छिपाने के लिए दोनों वाहनों की नंबर प्लेटें हटा दी गईं। वहीं, वारदात के दौरान नरपत सिंह ने पिस्टल से फायर करने का प्रयास किया, लेकिन फायर मिस हो गया और पिस्टल की मैगजीन घटनास्थल पर गिर गई। भीड़ बढ़ने पर आरोपी मौके से फरार हो गए।
लगातार पीछा कर दबोचे आरोपी
वारदात के बाद आरोपी गिरफ्तारी के भय से अलग-अलग स्थानों पर छिपकर फरारी काटते रहे। पुलिस टीम ने लगातार तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण और पीछा करते हुए घटना में प्रयुक्त एसयूवी बरामद कर ली तथा चार आरोपियों को गिरफ्तार किया।
पुलिस के अनुसार, शेष वांछित आरोपियों की तलाश जारी है। गिरफ्तार आरोपियों में चेलाराम उर्फ सिकीया पुत्र चन्द्राराम, उम्र 25 वर्ष, निवासी चारणों का बाड़ा, थाना समदड़ी, बालोतरा शामिल है। अन्य तीन गिरफ्तार आरोपी बापर्दा रखे गए हैं। पुलिस ने बताया कि आरोपियों के विरुद्ध पूर्व में भी विभिन्न थानों में आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं।