राजस्थान के नगरीय क्षेत्रों में 200 अंबेडकर ई-लाइब्रेरी बनेंगी, वंचित युवाओं को प्रतियोगी तैयारी में मिलेगा बड़ा सहारा

जयपुर। डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती के अवसर पर भवानी निकेतन में आयोजित 135वीं जयंती के राज्यस्तरीय समारोह में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बड़ी घोषणा की। कार्यक्रम में उन्होंने राज्य के नगरीय क्षेत्रों में 200 अंबेडकर ई-लाइब्रेरी स्थापित करने की घोषणा की। इन लाइब्रेरी के माध्यम से विशेष रूप से अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों और युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान संविधान की प्रति को माथे से लगाकर बाबा साहेब के प्रति सम्मान प्रकट किया। उन्होंने कहा कि डॉ. भीमराव अंबेडकर के विचार आज भी समाज को दिशा दे रहे हैं और राज्य सरकार उनके आदर्शों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।

इस मौके पर ‘समाधानसाथी’एआईचैटबॉट का शुभारंभ भी किया गया, जिससे पेंशन और स्कॉलरशिप से जुड़ी जानकारी आमजन को आसानी से मिल सकेगी। इसके जरिए आवेदन प्रक्रिया, जरूरी दस्तावेज और पात्रता से संबंधित विस्तृत जानकारी एक ही प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध होगी।

कार्यक्रम में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई और वंचित वर्ग के उत्थान के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई गई।

विद्याधर नगर में भी अंबेडकर जयंती समारोह

जयपुर के विद्याधर नगर विधानसभा क्षेत्र में आयोजित अंबेडकर जयंती समारोह में उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने भाग लेकर बाबा साहेब को श्रद्धांजलि अर्पित की।

उन्होंने कहा कि डॉ. अंबेडकर का जीवन समानता, न्याय और अधिकारों के लिए संघर्ष की प्रेरणा देता है। भारतीय संविधान की वैश्विक पहचान का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि देश आज नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में उनके आदर्शों पर आगे बढ़ रहा है।