Kunjilal Meena murder case: बांदीकुई/बैजूपाड़ा। क्षेत्र में सनसनी फैलाने वाले कुंजीलाल मीणा हत्याकांड मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। अपहरण के बाद रलावता के जंगल में की गई इस निर्मम हत्या ने इलाके में दहशत का माहौल बना दिया था। पुलिस का कहना है कि प्रकरण में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश भी तेज कर दी गई है।
घटना 20 फरवरी 2026 की है। सुरेश मीणा निवासी मुंडकोड़ी ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसका बड़ा भाई कुंजीलाल अपने मित्र चेतराम को पुंदरपाड़ा छोड़ने गया था। लौटते समय बड़ाबॉस के समीप दो कारों ने उनकी गाड़ी को आगे-पीछे से रोक लिया। 10-15 बदमाश हथियारों के साथ उतरे, जिनमें तुलसीराम मीणा के हाथ में पिस्तौल बताई गई। दोनों का अपहरण कर रलावता के जंगल में ले जाया गया, जहां कुंजीलाल की हत्या कर दी गई और उसके साथी मोनू को घायल अवस्था में छोड़ दिया गया।
पुलिस टीम का किया गठन
पुलिस अधीक्षक सागर राणा के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमंत कलाल व वृताधिकारी रोहिताश देवंदा के सुपरविजन में थाना प्रभारी जगदीश प्रसाद शर्मा के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। अनुसंधान के बाद पुलिस ने अजीत कुमार मीणा, तुलसीराम मीणा, चित्रांश सैनी उर्फ गोलू, मिनेश सैनी, लेखराज माली और सहदेव जाट को गिरफ्तार किया है।
थाने पर प्रदर्शन, सख्त कार्रवाई का भरोसा
घटना को लेकर मुंडकोड़ी के दर्जनों ग्रामीण बैजूपाड़ा थाने पहुंचे। परिजनों ने कुछ आरोपियों को बचाने का आरोप लगाते हुए विरोध जताया। थाना प्रभारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि हत्या के दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। आश्वासन के बाद स्थिति सामान्य हुई।
होली से पहले शांति का संदेश
इसी दौरान थाने में सीएलजी सदस्यों की बैठक भी आयोजित की गई, जिसमें होली का पर्व भाईचारे और सद्भाव के साथ मनाने की अपील की गई। पुलिस ने यातायात प्रबंधन व साइबर ठगी से बचाव को लेकर भी लोगों को जागरूक किया।